केंद्र सरकार किसानों के लिए एक क्रांतिकारी कदम उठाने जा रही है. जल्द ही Bharat-VISTAAR नाम का एक स्मार्ट AI टूल लॉन्च किया जाएगा जो किसानों को खेती से जुड़ी हर जरूरी जानकारी उनकी अपनी भाषा में देगा. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट 2026-27 में इस टूल के लॉन्च की घोषणा की थी. यह टूल किसानों के लिए एक डिजिटल सहायक की तरह काम करेगा और खेती को आसान और ज्यादा मुनाफेमंद बनाने में मदद करेगा. आइए जानते हैं इस AI टूल के बारे में पूरी डिटेल.
क्या है Bharat-VISTAAR AI टूल?
भारत-विस्तार एक मल्टीलिंगुअल आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित प्लेटफॉर्म है जिसे खासतौर से किसानों की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है. यह टूल किसानों को फसल की योजना बनाने, कीटों से बचाव की सलाह, मौसम की सटीक जानकारी, मंडी में फसलों के दाम और सरकारी योजनाओं के बारे में रियल टाइम में जानकारी देगा.
सबसे खास बात यह है कि यह टूल वॉइस और टेक्स्ट दोनों तरीके से काम करेगा. मतलब किसान बोलकर या टाइप करके अपनी समस्या बता सकेंगे और तुरंत जवाब पा सकेंगे. यह बिल्कुल एक एक्सपर्ट से बात करने जैसा अनुभव होगा.
किन भाषाओं में होगा उपलब्ध?
शुरुआत में यह टूल हिंदी और अंग्रेजी में लॉन्च किया जाएगा. लेकिन धीरे-धीरे इसे तमिल, तेलुगु, मराठी, गुजराती, बंगाली, पंजाबी और अन्य क्षेत्रीय भाषाओं में भी उपलब्ध कराया जाएगा. इससे देश के हर कोने के किसान अपनी मातृभाषा में इसका इस्तेमाल कर सकेंगे. यह पहल उन छोटे और सीमांत किसानों के लिए बेहद फायदेमंद होगी जो अंग्रेजी या हिंदी नहीं समझते.
किसानों को क्या-क्या फायदे मिलेंगे?
इस AI टूल से किसानों को कई तरह के लाभ मिलेंगे.
फसल की सही योजना – किसान अपनी जमीन, मौसम और बाजार की मांग के हिसाब से सही फसल चुन सकेंगे. टूल पिछले डेटा और वर्तमान ट्रेंड के आधार पर सलाह देगा कि कौन सी फसल ज्यादा मुनाफा दे सकती है.
कीटों से बचाव की सलाह – फसल में कीड़े लगने या बीमारी आने पर किसान फोटो अपलोड करके तुरंत समाधान पा सकेंगे. टूल बताएगा कि कौन सी दवा कितनी मात्रा में और कब छिड़कनी है.
मौसम का सटीक अनुमान – किसानों को अगले 7-10 दिनों का मौसम पूर्वानुमान मिलेगा. इससे बुवाई, सिंचाई और कटाई का सही समय तय करने में मदद मिलेगी. बारिश, ओलावृष्टि या तूफान की चेतावनी भी मिल जाएगी.
मंडी के सही भाव – किसान अपने आसपास की मंडियों में अलग-अलग फसलों के दाम जान सकेंगे. इससे वे सही समय और सही जगह पर अपनी उपज बेच सकेंगे और बेहतर कीमत पा सकेंगे.
सरकारी योजनाओं की जानकारी – केंद्र और राज्य सरकार की तमाम योजनाएं, सब्सिडी और लाभ की जानकारी एक ही जगह मिल जाएगी. किसान जान सकेंगे कि उनके लिए कौन सी योजना उपलब्ध है और कैसे आवेदन करना है.
वर्चुअल क्लासरूम से सीख सकेंगे
Bharat-VISTAAR में वर्चुअल क्लासरूम की सुविधा भी होगी. इसमें कृषि विशेषज्ञ वीडियो के जरिए आधुनिक खेती के तरीके, नई तकनीक और बेहतर फसल प्रबंधन के बारे में जानकारी देंगे. किसान घर बैठे इन क्लासेस में शामिल हो सकेंगे और सीधे एक्सपर्ट से सवाल भी पूछ सकेंगे.
क्रेडिट और बीमा की भी सुविधा
यह प्लेटफॉर्म सिर्फ जानकारी तक सीमित नहीं रहेगा. इससे किसान कृषि ऋण, फसल बीमा और डिजिटल मार्केटप्लेस तक भी पहुंच सकेंगे. मतलब एक ही ऐप से किसान लोन के लिए आवेदन कर सकेंगे, अपनी फसल का बीमा करा सकेंगे और अपनी उपज को सीधे खरीदारों को ऑनलाइन बेच सकेंगे.
पायलट प्रोजेक्ट शुरू हो चुका है
कृषि मंत्रालय ने इस टूल को सात राज्यों में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू कर दिया है. इनमें ओडिशा, बिहार, उत्तर प्रदेश, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, मध्य प्रदेश और राजस्थान शामिल हैं. इन राज्यों में चुनिंदा जिलों में किसानों को यह सुविधा दी जा रही है. शुरुआती नतीजे बहुत उत्साहवर्धक हैं. किसान इसे बहुत पसंद कर रहे हैं और इसका अच्छा रिस्पांस मिल रहा है.
कैसे काम करेगा यह टूल?
यह AI टूल देश भर के विभिन्न सरकारी पोर्टल्स, ICAR (भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद) और अन्य कृषि संस्थानों के डेटा को एक जगह इकट्ठा करेगा. फिर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से इस डेटा को समझकर किसानों की जरूरत के हिसाब से सरल भाषा में जानकारी देगा.
किसान को बस अपनी समस्या बतानी होगी और AI चैटबॉट तुरंत सही समाधान देगा. यह बिल्कुल आधार, UPI और एग्रीस्टैक की तरह एक डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर के रूप में काम करेगा.
निष्कर्ष
Bharat-VISTAAR AI टूल किसानों के लिए एक वरदान साबित हो सकता है. खासकर छोटे और सीमांत किसानों के लिए जिन्हें अक्सर सही जानकारी और मार्गदर्शन नहीं मिल पाता. यह टूल न सिर्फ खेती को आसान बनाएगा बल्कि किसानों की आय बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा. जल्द ही यह पूरे देश में उपलब्ध होगा और लाखों किसानों की जिंदगी बदल देगा.